एंकर, लालकुआँ प्रदेश में फायर सीजन शुरू हो गया है। जिसको लेकर वन विभाग ने अलर्ट जारी कर रखा है। प्रदेश के कुछ ईलाकों में कर्मचारियों की छुट्टियां पर रोक लगा रखी है। इसी के मद्देनजर तराई पूर्वी वन प्रभाग में भी फायर सीजन को देखते हुए विभाग पूरी तरह से अलर्ट है। वनों को अग्नि से बचाया जा सकें इसके लिए फायर वाचर तैनात किए गए। साथ ही सभी रेंजों को अलर्ट जारी किया है।
इधर अपने कार्यालय में पत्रकारों को जानकारी देते हुए तराई पूर्वी वन प्रभाग डिवीजन के अन्तर्गत गौला रेंज के उप प्रभागीय वन अधिकारी अनिल कुमार जोशी ने बताया कि वनों में अग्नि घटनाओं को रोकने के लिए डिवीजन पूरी तरह से मुस्तैद है।
उन्होंने कहा कि सूबे मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और प्रमुख वन संरक्षक रजन कुमार मिश्रा के द्वारा जारी निर्देश पर तराई पूर्वी डिवीजन की सभी रेंजों को अलर्ट पर रखा है।उन्होंने कहा कि इसके अलावा हर बीट में फायर वाॅचरों की तैनाती की गई है जो न केवल आग लगने की सूचना देंगे बल्कि प्रथम स्तर पर आग बुझाने की भी कोशिश करेंगे। इसके साथ ही जंगलों में आग की घटनाओं को रोकने के लिए पेट्रोलिंग तेज कर दी गई है।
उन्होंने कहा कि सभी रेंजों में क्रू स्टेशन बनाए गये हैं। तथा हेल्पलाइन नबर भी जारी किए गए हैं। उन्होंने कहा कि जगंलों में फायर लाइन का काम पूरा कर लिया गया है ताकि आग का दायरा न बढे़। वही आग बुझाने के उपकरण और संसाधनों को दुरूस्त कर लिया गया है।
उन्होंने कहा कि वनों की आग के रोकथाम में जनभागीदारी बेहद अहम है।
इसके लिए ग्राम पंचायत और फील्ड स्तर तथा स्कूलों में अधिक से अधिक जन-जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। जिसे अग्नि से होने वाले नुकसान से बचा जा सकें। उन्होंने लोगों से अपील की है वन में आग न लगाएं तथा अग्नि सम्बंधित सूचना तुरंत वन विभाग को दें ताकि मौके पर पहुंचकर आग पर काबू पाया जा सकें।
उन्होंने चेतावनी दी है कि अगर कोई व्यक्ति वन में आग लगता पाया जाता है है तो उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।









