दिल्ली के ऐतिहासिक रामलीला मैदान में 1 नवंबर 2026 को आयोजित इंडिया गठबंधन की महारैली में धनबाद से बड़ी संख्या में कांग्रेस नेता और कार्यकर्ता शामिल हुए। इस दौरान झारखंड प्रदेश कांग्रेस महासचिव शमशेर आलम ने कहा कि कांग्रेस पार्टी सत्ता के कथित दुरुपयोग के खिलाफ इस लड़ाई में अग्रिम मोर्चे पर खड़ी है।
शमशेर आलम ने बताया कि मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार को पद से हटाने, एसआईआर (विशेष गहन पुनरीक्षण) प्रक्रिया को रद्द करने तथा लाखों पात्र मतदाताओं को मतदान के अधिकार से वंचित किए जाने के विरोध में इंडिया गठबंधन की ओर से इस महारैली का आयोजन किया गया था। उन्होंने इन मुद्दों को लेकर विपक्ष की चिंता जाहिर की।
उन्होंने कहा कि यह महारैली जनता के प्रतिरोध का प्रतीक बनी। सुबह 10 बजे तक रामलीला मैदान लोगों से पूरी तरह भर गया था। रैली में किसान, श्रमिक, छात्र, युवा, महिलाएं, छोटे व्यापारी और वकीलों सहित समाज के विभिन्न वर्गों के लोगों की भागीदारी रही।
धनबाद से पहुंचे कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने भी महारैली में हिस्सा लेकर इंडिया गठबंधन के कार्यक्रम के प्रति अपना समर्थन व्यक्त किया। इस दौरान चुनावी प्रक्रिया, मतदाताओं के अधिकार और लोकतांत्रिक व्यवस्था से जुड़े मुद्दे प्रमुखता से उठाए गए।
शमशेर आलम ने कहा कि लोकतंत्र में प्रत्येक नागरिक का मतदान का अधिकार महत्वपूर्ण है और चुनावी प्रक्रिया में पारदर्शिता एवं निष्पक्षता सुनिश्चित होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि कांग्रेस और इंडिया गठबंधन इन मुद्दों को लेकर अपनी आवाज उठाते रहेंगे।
दिल्ली की इस महारैली में धनबाद के कांग्रेस कार्यकर्ताओं की भागीदारी को झारखंड में पार्टी की संगठनात्मक सक्रियता के रूप में देखा जा रहा है।
