बेल्ट्रॉन कर्मियों ने राज्यकर्मी का दर्जा देने की मांग को लेकर किया प्रदर्शन, मधुबनी समाहरणालय के सामने जुटे सैकड़ों कर्मचारी

बिहार राज्य डाटा इनपुट ऑपरेटर संयुक्त मोर्चा के आह्वान पर 1 नवंबर 2026 को मधुबनी जिला मुख्यालय स्थित समाहरणालय के सामने चिन्हित धरना स्थल पर बेल्ट्रॉन कर्मियों ने अपनी मांगों को लेकर शांतिपूर्ण प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान कर्मचारियों ने बेल्ट्रॉन कर्मियों को राज्यकर्मी का दर्जा देने और सूचना प्रौद्योगिकी विभाग को नोडल विभाग घोषित करने की मांग उठाई।

इस कार्यक्रम में जिला मुख्यालय से लेकर पंचायत कार्यालयों तक विभिन्न सरकारी विभागों में कार्यरत सैकड़ों बेल्ट्रॉन कर्मियों ने हिस्सा लिया। कर्मचारियों ने एकजुट होकर अपनी मांगों के समर्थन में आवाज बुलंद की। मोर्चा की ओर से बिहार के सभी 38 जिलों में रोड मार्च भी आयोजित किया गया।

मोर्चा का कहना है कि बेल्ट्रॉन के माध्यम से पिछले लगभग 29 वर्षों से करीब 20 हजार कर्मी राज्य सरकार के डिजिटलीकरण, ऑनलाइन सेवाओं और विभिन्न सरकारी विभागों के कार्यों में महत्वपूर्ण योगदान दे रहे हैं। सरकारी कामकाज को डिजिटल बनाने से लेकर आम लोगों तक ऑनलाइन सेवाएं पहुंचाने में इन कर्मचारियों की अहम भूमिका रही है।

प्रदर्शन कर रहे कर्मचारियों की प्रमुख मांग है कि लंबे समय से सरकारी व्यवस्था में योगदान देने वाले बेल्ट्रॉन कर्मियों को राज्यकर्मी का दर्जा दिया जाए। इसके साथ ही सूचना प्रौद्योगिकी विभाग को नोडल विभाग घोषित किया जाए, ताकि कर्मचारियों की सेवा संबंधी समस्याओं और मांगों का उचित समाधान हो सके।

कर्मचारियों ने सरकार से उनकी मांगों पर गंभीरतापूर्वक विचार करने और उचित निर्णय लेने की अपील की। उनका कहना है कि वर्षों से सरकारी कार्यों में जिम्मेदारी निभाने के बावजूद उन्हें अब तक अपेक्षित सेवा संबंधी सुविधाएं और दर्जा नहीं मिल पाया है।

मधुबनी में आयोजित इस प्रदर्शन के माध्यम से बेल्ट्रॉन कर्मियों ने अपनी एकजुटता का परिचय देते हुए सरकार तक अपनी आवाज पहुंचाने का प्रयास किया। अब कर्मचारियों की निगाहें सरकार के अगले कदम पर टिकी हैं।