अंतरराष्ट्रीय स्तर पर Russia और Ukraine के बीच जारी तनाव को लेकर कूटनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। कई देशों और वैश्विक संगठनों की ओर से युद्धविराम और शांति वार्ता को आगे बढ़ाने के प्रयास लगातार जारी हैं।
हाल के दिनों में दोनों देशों के बीच संघर्ष ने वैश्विक अर्थव्यवस्था, ऊर्जा आपूर्ति और खाद्यान्न बाजार पर व्यापक असर डाला है। यूरोप समेत कई देशों ने क्षेत्र में स्थिरता बहाल करने के लिए मध्यस्थता की पहल की है। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि बातचीत सकारात्मक दिशा में आगे बढ़ती है, तो युद्धविराम की संभावना मजबूत हो सकती है।
United Nations सहित कई अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं ने दोनों पक्षों से संयम बरतने और बातचीत के जरिए समाधान निकालने की अपील की है। वहीं दुनिया भर की नजरें अब आने वाले कूटनीतिक फैसलों और संभावित समझौतों पर टिकी हुई हैं।
विशेषज्ञों का कहना है कि लंबे समय से जारी इस संघर्ष का असर वैश्विक व्यापार, तेल की कीमतों और अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा व्यवस्था पर भी पड़ा है। ऐसे में शांति वार्ता को सफल बनाने के लिए कई देशों के नेता लगातार प्रयास कर रहे हैं।