खाड़ी देशों में रहने वाले भारतीय छात्रों और अभिभावकों ने CBSE परीक्षा प्रणाली और DASA (Direct Admission of Students Abroad) नियमों में राहत देने की मांग उठाई है। छात्रों का कहना है कि बदलते मूल्यांकन पैटर्न और प्रवेश नियमों के कारण उन्हें कई चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है।
छात्रों और अभिभावकों ने परीक्षा परिणाम, मूल्यांकन प्रक्रिया और प्रवेश मानदंडों में संशोधन की मांग करते हुए संबंधित अधिकारियों को ज्ञापन सौंपा है। उनका कहना है कि विदेशों में पढ़ने वाले भारतीय छात्रों की परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए नियमों में लचीलापन लाया जाना चाहिए।
शिक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि इस मुद्दे पर सकारात्मक निर्णय होने से हजारों भारतीय छात्रों को राहत मिल सकती है।