झारखंड में चुनाव आयोग द्वारा चलाए जा रहे विशेष गहन मतदाता पुनरीक्षण (SIR) अभियान ने गति पकड़ ली है। मतदाता सूची को अधिक सटीक और अद्यतन बनाने के लिए चलाए जा रहे इस अभियान के बीच विभिन्न राजनीतिक दलों ने भी अपनी संगठनात्मक तैयारियां तेज कर दी हैं।
राज्यभर में बूथ स्तर पर मतदाताओं के सत्यापन, नए मतदाताओं के नाम जोड़ने तथा मृत एवं स्थानांतरित मतदाताओं के नाम हटाने की प्रक्रिया जारी है। चुनाव आयोग के निर्देशानुसार बूथ लेवल अधिकारियों (BLO) द्वारा घर-घर जाकर सत्यापन का कार्य किया जा रहा है।
वहीं, प्रमुख राजनीतिक दलों ने भी अपने बूथ स्तरीय कार्यकर्ताओं और बूथ लेवल एजेंट (BLA) को सक्रिय कर दिया है। कई जिलों में प्रशिक्षण शिविरों का आयोजन कर कार्यकर्ताओं को मतदाता सूची पुनरीक्षण प्रक्रिया की जानकारी दी जा रही है। दलों का फोकस अधिक से अधिक पात्र नागरिकों का नाम मतदाता सूची में जुड़वाने और सूची में संभावित त्रुटियों को दूर कराने पर है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि आगामी चुनावों को देखते हुए सभी दल मतदाता सूची पुनरीक्षण अभियान को गंभीरता से ले रहे हैं। यही कारण है कि संगठनात्मक स्तर पर बूथ प्रबंधन और मतदाता संपर्क अभियान को मजबूत किया जा रहा है।
चुनाव आयोग ने नागरिकों से भी अपील की है कि वे मतदाता सूची में अपना नाम और विवरण जांच लें तथा किसी प्रकार की त्रुटि होने पर निर्धारित प्रक्रिया के तहत सुधार के लिए आवेदन करें।
राज्य में चल रहा यह अभियान न केवल मतदाता सूची की शुद्धता सुनिश्चित करेगा, बल्कि लोकतांत्रिक प्रक्रिया को और अधिक मजबूत बनाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
