बिहार के मधुबनी जिले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए करोड़ों रुपये की साइबर ठगी करने वाले एक अंतरराज्यीय गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने समूह ऋण (ग्रुप लोन) दिलाने का झांसा देकर महिलाओं के बैंक खातों का दुरुपयोग करने वाले शातिर ठग दंपति को गिरफ्तार किया है।
मधुबनी के एसएसपी योगेंद्र कुमार ने प्रेस वार्ता में बताया कि गिरफ्तार दंपति के बैंक खातों के खिलाफ देशभर में 91 साइबर शिकायतें दर्ज हैं। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपी ग्रामीण और भोली-भाली महिलाओं को समूह लोन का लालच देकर उनके बैंक खाते खुलवाते या उपयोग में लेते थे और फिर उन्हीं खातों का इस्तेमाल साइबर ठगी से प्राप्त रकम के लेनदेन में करते थे।
पुलिस के अनुसार यह केवल एक सामान्य धोखाधड़ी का मामला नहीं, बल्कि संगठित साइबर अपराध का हिस्सा है, जिसमें आर्थिक रूप से कमजोर और कम जागरूक लोगों को निशाना बनाया जाता था। जांच एजेंसियां गिरोह के अन्य सदस्यों और देश के विभिन्न राज्यों में फैले इसके नेटवर्क की भी तलाश कर रही हैं।
एसएसपी ने लोगों से अपील की है कि किसी भी व्यक्ति या संस्था के झांसे में आकर अपने बैंक खाते, एटीएम कार्ड, ओटीपी या अन्य बैंकिंग जानकारी साझा न करें। किसी भी संदिग्ध साइबर गतिविधि की सूचना तुरंत स्थानीय पुलिस या साइबर हेल्पलाइन पर दें।
पुलिस ने बताया कि मामले की विस्तृत जांच जारी है और जल्द ही गिरोह से जुड़े अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी की संभावना है।
