जिला परिषद अध्यक्ष शारदा सिंह ने निरीक्षण भवन के जीर्णोद्धार कार्य का शिलान्यास किया। पंचायतीराज विभाग की निधि से होने वाले इस जीर्णोद्धार कार्य पर करीब 80 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे। जीर्णोद्धार के बाद निरीक्षण भवन को बेहतर सुविधाओं के साथ लोगों के उपयोग के लिए उपलब्ध कराने की योजना है।
इस अवसर पर जिला परिषद अध्यक्ष शारदा सिंह ने कहा कि जिला परिषद की कई संपत्तियां वर्तमान में जर्जर स्थिति में हैं। ऐसी संपत्तियों को चिह्नित कर उन्हें दुरुस्त करने का प्रयास किया जा रहा है, ताकि उनका बेहतर उपयोग हो सके और जिला परिषद की आय में भी वृद्धि हो।
उन्होंने बताया कि पिछले बोर्ड की बैठक में निरीक्षण भवन के जीर्णोद्धार का प्रस्ताव पारित किया गया था। प्रस्ताव के बाद अब इसके जीर्णोद्धार का कार्य शुरू किया जा रहा है।
शारदा सिंह ने कहा कि जीर्णोद्धार पूरा होने के बाद निरीक्षण भवन को विभिन्न प्रकार के आयोजनों के लिए बुक कराया जा सकेगा। इससे स्थानीय लोगों को कार्यक्रम आयोजित करने के लिए एक अतिरिक्त विकल्प उपलब्ध होगा।
उन्होंने कहा कि धनबाद जिले में एक टाउन हॉल मौजूद है, लेकिन विभिन्न आयोजनों के लिए उसकी क्षमता पर्याप्त नहीं होने के कारण लोगों को अक्सर दूसरे स्थानों की तलाश करनी पड़ती है। ऐसे में जीर्णोद्धार के बाद निरीक्षण भवन को आयोजनों के लिए वैकल्पिक स्थल के रूप में इस्तेमाल किया जा सकेगा।
जिला परिषद अध्यक्ष ने कहा कि जिला परिषद की संपत्तियों का बेहतर उपयोग सुनिश्चित करने के साथ-साथ उन्हें आय का स्रोत बनाने की दिशा में भी काम किया जा रहा है। जर्जर संपत्तियों के जीर्णोद्धार से जहां लोगों को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी, वहीं जिला परिषद की संपत्तियों का उपयोग भी बढ़ेगा।
निरीक्षण भवन के जीर्णोद्धार से स्थानीय स्तर पर सामाजिक, सांस्कृतिक एवं अन्य आयोजनों के लिए अतिरिक्त स्थान उपलब्ध होने की उम्मीद है। कार्य पूरा होने के बाद लोगों को इसकी बुकिंग और उपयोग की सुविधा मिलने की बात कही गई है।
