धनबाद के SSLNT अस्पताल में बनेगा 50 बेड का आधुनिक मातृ-शिशु केंद्र, स्वास्थ्य सेवाओं को मिलेगी नई मजबूती

जिले की स्वास्थ्य व्यवस्था को अधिक सुलभ, आधुनिक और प्रभावी बनाने की दिशा में जिला प्रशासन ने महत्वपूर्ण पहल की है। समाहरणालय में उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी आदित्य रंजन की अध्यक्षता में आयोजित जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक में मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य, ग्रामीण चिकित्सा सेवाओं और आपातकालीन सुविधाओं के विस्तार से जुड़े कई अहम निर्णय लिए गए।

बैठक में धनबाद के SSLNT अस्पताल को अपग्रेड कर 50 बेड का आधुनिक मातृ एवं शिशु देखभाल केंद्र बनाने की योजना को मंजूरी दी गई। इस केंद्र के विकसित होने से गर्भवती महिलाओं, प्रसूताओं और नवजात शिशुओं को बेहतर चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी। साथ ही, सदर अस्पताल पर मरीजों का दबाव कम करने में भी सहायता मिलने की उम्मीद है।

गर्भवती महिलाओं और नवजात शिशुओं को मिलेगी बेहतर सुविधा

प्रस्तावित मातृ-शिशु केंद्र में आधुनिक चिकित्सा सुविधाओं के विकास पर जोर दिया जाएगा, ताकि महिलाओं को प्रसव के दौरान और उसके बाद बेहतर देखभाल मिल सके। नवजात शिशुओं के उपचार और स्वास्थ्य संबंधी जरूरतों को ध्यान में रखते हुए केंद्र को विकसित करने की योजना है।

इस परियोजना को आगे बढ़ाने के लिए प्रभारी सिविल सर्जन, डीएमएफटी पीएमयू और भवन निर्माण विभाग की भूमिका निर्धारित की गई है। इसका उद्देश्य स्वास्थ्य सेवाओं के बुनियादी ढांचे को मजबूत करना और मरीजों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना है।

ग्रामीण स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार पर भी जोर

जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक में ग्रामीण क्षेत्रों में चिकित्सा सुविधाओं को सुलभ बनाने और आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर करने से जुड़े विषयों पर भी चर्चा की गई। प्रशासन का उद्देश्य जिले के शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं की उपलब्धता बढ़ाना है, ताकि जरूरतमंद लोगों को समय पर उपचार मिल सके।

नगरकियारी में स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार से संबंधित पहल भी जिले की स्वास्थ्य व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण मानी जा रही है।

स्वास्थ्य व्यवस्था को आधुनिक बनाने की पहल

उपायुक्त आदित्य रंजन की अध्यक्षता में हुई बैठक में स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार और उपलब्ध संसाधनों के बेहतर उपयोग पर जोर दिया गया। SSLNT अस्पताल में 50 बेड का आधुनिक मातृ-शिशु केंद्र विकसित होने से धनबाद जिले में मातृ एवं नवजात स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूती मिलने की उम्मीद है।

जिला प्रशासन की इन पहलों का मुख्य उद्देश्य मरीजों को बेहतर चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराना, अस्पतालों पर बढ़ते दबाव को कम करना और जिले की स्वास्थ्य व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाना है।