BCCL में स्मार्ट माइनिंग की पहल, कोयला मंत्रालय के संयुक्त सचिव ने ICCC का किया निरीक्षण

भारत कोकिंग कोल लिमिटेड (BCCL) में स्मार्ट माइनिंग और डिजिटल निगरानी व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में पहल की जा रही है। इसी क्रम में 22 अक्टूबर को भारत सरकार के कोयला मंत्रालय के संयुक्त सचिव ने BCCL मुख्यालय स्थित कोयला भवन के अत्याधुनिक इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर (ICCC) का निरीक्षण किया। इस दौरान BCCL के अध्यक्ष-सह-प्रबंध निदेशक (CMD) मनोज कुमार अग्रवाल मुख्य रूप से उपस्थित रहे।

निरीक्षण का मुख्य उद्देश्य कंपनी में खनन और कोयला परिवहन गतिविधियों की निगरानी के लिए अपनाई जा रही आधुनिक डिजिटल प्रणालियों की कार्यप्रणाली का जायजा लेना था। इस अवसर पर BCCL के इलेक्ट्रॉनिक्स एवं टेली कम्युनिकेशन (E&T) विभाग की ओर से विभिन्न सूचना प्रौद्योगिकी (IT) आधारित तकनीकों का लाइव प्रदर्शन किया गया।

डिजिटल तकनीक से होगी खनन गतिविधियों की निगरानी

निरीक्षण के दौरान इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर की कार्यप्रणाली और खनन गतिविधियों की निगरानी में डिजिटल तकनीकों की भूमिका पर जानकारी दी गई। इस प्रकार की प्रणाली का उद्देश्य विभिन्न गतिविधियों से संबंधित सूचनाओं को एकीकृत मंच पर उपलब्ध कराना और निगरानी प्रक्रिया को अधिक प्रभावी बनाना है।

खनन और कोयला परिवहन से जुड़ी गतिविधियों की वास्तविक समय में निगरानी से संचालन संबंधी जानकारी तक तेजी से पहुंचने और प्रबंधन को निर्णय लेने में सहायता मिल सकती है।

स्मार्ट माइनिंग और आधुनिक प्रबंधन पर जोर

BCCL में आधुनिक सूचना प्रौद्योगिकी के उपयोग को खनन कार्यों के प्रबंधन और निगरानी व्यवस्था को बेहतर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। ICCC जैसे केंद्रों के माध्यम से डिजिटल प्रणालियों का उपयोग कर विभिन्न गतिविधियों पर नजर रखने और परिचालन संबंधी सूचनाओं को व्यवस्थित करने में मदद मिलती है।

कोयला मंत्रालय के संयुक्त सचिव का यह निरीक्षण कंपनी में लागू डिजिटल प्रणालियों की समीक्षा और उनकी कार्यप्रणाली को समझने के उद्देश्य से किया गया।

कोयला क्षेत्र में तकनीकी बदलाव की दिशा में पहल

कोयला उद्योग में डिजिटल तकनीकों का इस्तेमाल परिचालन प्रबंधन, निगरानी और कार्यप्रणाली को अधिक व्यवस्थित बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है। BCCL के ICCC में प्रदर्शित तकनीकों के माध्यम से कंपनी की आधुनिक निगरानी व्यवस्था की जानकारी दी गई।

इस पहल से स्मार्ट माइनिंग और डिजिटल प्रबंधन को बढ़ावा देने के प्रयासों को गति मिलने की उम्मीद है। हालांकि, निरीक्षण के दौरान घोषित किसी नई परियोजना या निर्धारित लक्ष्य के संबंध में विस्तृत जानकारी उपलब्ध नहीं कराई गई है।