अयोध्या के श्रीराम मंदिर दानपात्र घोटाले के मामले को लेकर पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह का बड़ा बयान सामने आया है। गोंडा जिले के नवाबगंज स्थित अपने पैतृक आवास विश्नोहरपुर में पत्रकारों से बातचीत करते हुए उन्होंने कहा कि इस मामले से अब केंद्र और प्रदेश सरकार की छवि पर भी सवाल उठने लगे हैं।
बृजभूषण शरण सिंह ने कहा कि उनका विद्यार्थी जीवन अयोध्या में बीता है और वे श्रीराम जन्मभूमि आंदोलन से शुरू से जुड़े रहे हैं। उन्होंने बताया कि जब लालकृष्ण आडवाणी की रथयात्रा निकली थी, तब वे उनकी गाड़ी चलाने वालों में शामिल थे। उन्होंने आंदोलन के दौरान अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि 1989 में कारसेवकों पर गोली चलने से दो महीने पहले उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया था।
पूर्व सांसद ने कहा कि श्रीराम मंदिर करोड़ों हिंदुओं की आस्था का केंद्र है, इसलिए उससे जुड़े किसी भी मामले में पारदर्शिता और जवाबदेही बेहद जरूरी है। उन्होंने कहा कि दानपात्र घोटाले के आरोपों की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए ताकि सच्चाई सामने आ सके और श्रद्धालुओं का विश्वास कायम रहे।
उन्होंने यह भी कहा कि राम मंदिर निर्माण के लिए देशभर के लोगों ने श्रद्धा और विश्वास के साथ योगदान दिया है, ऐसे में किसी भी प्रकार की अनियमितता गंभीर चिंता का विषय है।
